साइबर ठगों पर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, सेवानिवृत्त बैंक अधिकारी को 1.62 लाख रुपये वापस

गोरखपुर में साइबर ठगी के शिकार सेवानिवृत्त बैंक अधिकारी को थाना चिलुआताल पुलिस व साइबर सेल ने 1.62 लाख रुपये वापस दिलाए, त्वरित कार्रवाई से मिली बड़ी राहत।

साइबर ठगों पर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, सेवानिवृत्त बैंक अधिकारी को 1.62 लाख रुपये वापस
थाना चिलुआताल पुलिस व साइबर सेल की तत्परता से साइबर ठगों पर बड़ी कार्रवाई, पीड़ित को मिली बड़ी राहत।

विभव पाठक /ब्यूरो चीफ

निष्पक्ष जन अवलोकन 

गोरखपुर। साइबर अपराध के बढ़ते मामलों के बीच गोरखपुर पुलिस ने एक सराहनीय उदाहरण प्रस्तुत किया है। ऑनलाइन साइबर ठगी का शिकार हुए एक सेवानिवृत्त बैंक अधिकारी को थाना चिलुआताल पुलिस और साइबर सेल की त्वरित कार्रवाई से बड़ी राहत मिली है। साइबर ठगों द्वारा हड़पी गई ₹1,62,872.83 की धनराशि पुलिस ने पीड़ित के खाते में वापस करा दी है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार पीड़ित सेवानिवृत्त बैंक अधिकारी ने थाना चिलुआताल में प्रार्थना पत्र देकर शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि अज्ञात साइबर अपराधियों ने खुद को बैंक व सरकारी विभाग का अधिकारी बताते हुए संपर्क किया। ठगों ने पेंशन बंद होने और सीनियर सिटीजन कार्ड बनाने का झांसा देकर पीड़ित से बैंकिंग जानकारी हासिल कर ली और अलग-अलग माध्यमों से उनके खाते से धनराशि अपने खातों में ट्रांसफर करा ली।

शिकायत मिलते ही थाना चिलुआताल के थानाध्यक्ष सूरज सिंह के नेतृत्व में साइबर सेल टीम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई शुरू की। पुलिस टीम ने राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर तुरंत शिकायत दर्ज कराई और संबंधित बैंक खातों में हुए ट्रांजैक्शन को होल्ड कराने की प्रक्रिया शुरू की।

पुलिस की सक्रियता का परिणाम यह रहा कि न्यायालय से आवश्यक अनुमति प्राप्त करने के बाद पीड़ित के खाते में ₹1,62,872.83 (एक लाख बासठ हजार आठ सौ बहत्तर रुपये तिरासी पैसे) की पूरी धनराशि वापस करा दी गई। राशि वापस मिलने पर पीड़ित और उनके परिजनों ने पुलिस की कार्यप्रणाली की सराहना की।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि ठगी की शेष धनराशि की बरामदगी के लिए प्रयास लगातार जारी हैं। साथ ही साइबर अपराध में शामिल आरोपियों की पहचान कर उनके विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। गोरखपुर पुलिस साइबर अपराधियों पर नकेल कसने के लिए लगातार तकनीकी संसाधनों और प्रशिक्षण का उपयोग कर रही है।

इस सराहनीय कार्रवाई में थाना चिलुआताल की टीम में थानाध्यक्ष सूरज सिंह, वरिष्ठ उपनिरीक्षक शैलेन्द्र कुमार, उपनिरीक्षक एवं साइबर नोडल अधिकारी अभिराम, कंप्यूटर ऑपरेटर ग्रेड-बी सत्येन्द्र चौधरी, आरक्षी दीपक यादव प्रथम और आरक्षी विकास मौर्या शामिल रहे।

गोरखपुर पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी अनजान कॉल, लिंक, ई-मेल या संदेश पर अपनी बैंकिंग जानकारी, ओटीपी या पर्सनल डिटेल साझा न करें। साइबर ठगी की स्थिति में तुरंत 1930 साइबर हेल्पलाइन नंबर पर कॉल करें या नजदीकी थाना अथवा राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं। समय पर की गई शिकायत से ठगी की रकम वापस मिलने की संभावना काफी बढ़ जाती है।