सत्संग की शक्ति से ही बदलता है मनुष्य का जीवन पंडित मुकेश
कुम्हेड़ी में श्रीमद् भागवत कथा के तीसरे दिन उमड़ा जनसैलाब
नृसिंह अवतार और ध्रुव चरित्र के प्रसंग सुन भाव-विभोर हुए श्रद्धालु,,,निष्पक्ष जन अवलोकन। अरविन्द कुमार पटेल। ललितपुर। जनपद के महरौनी तहसील क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पंचायत कुम्हेड़ी में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान यज्ञ के तीसरे दिन कथावाचक पंडित मुकेश मिश्रा ने श्रद्धालुओं को भक्ति का मार्ग दिखाया। उन्होंने कहा कि पुण्य उदय होने पर ही मनुष्य को भागवत कथा श्रवण का सौभाग्य प्राप्त होता है। सत्संग में वह शक्ति है, जो व्यक्ति के जीवन को पूरी तरह बदल देती है। व्यासपीठाधीश्वर ने कथा के दौरान कहा कि मनुष्य जीवन में जाने-अनजाने प्रतिदिन कई पाप होते हैं। ईश्वर के समक्ष उनका प्रायश्चित करना ही मुक्ति पाने का एकमात्र उपाय है। उन्होंने आह्वान किया कि व्यक्ति को अपने जीवन में क्रोध, लोभ, मोह, हिंसा और संग्रह जैसी बुराइयों का त्याग कर विवेक के साथ श्रेष्ठ कर्म करने चाहिए। ध्रुव चरित्र और नृसिंह अवतार का जीवंत वर्णन गुरुवार को कथा के दौरान कपिल चरित्र, सती चरित्र, ध्रुव चरित्र और जड़ भरत चरित्र के प्रसंगों की विस्तृत व्याख्या की गई। नृसिंह अवतार की कथा सुनाते हुए पंडित जी ने कहा कि भगवान के नाम मात्र से ही व्यक्ति भवसागर से पार उतर जाता है। भजनों की प्रस्तुति पर पंडाल में मौजूद श्रद्धालु झूमने पर मजबूर हो गए। ये रहे उपस्थित इस अवसर पर यजमान श्रीमती कीर्ति कल्यान निरंजन सहित काशीराम, पृथ्वीराज, जगभान, बंदू, खुशीराम, राजेंद्र, कप्तान, अनिल, सूरजभान, अमन और साहिल सहित बड़ी संख्या में ग्रामवासी एवं क्षेत्र के श्रद्धालु उपस्थित रहे।