फर्जी डॉक्टर का क्लीनिक संचालित, नाबालिग के हाथों मरीजों की जान से खिलवाड़
निष्पक्ष जन अवलोकन। पचपेडवा विकासखंड, जनपद बलरामपुर के अंतर्गत बढ़ई पुरवा चौराहे से चंदनपुर रोड पर एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां सूत्रों के अनुसार कुकुरमुत्ते की तरह उग आए अवैध क्लीनिकों में से एक क्लीनिक इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। बताया जा रहा है कि नूर आलम नामक व्यक्ति स्वयं को डॉक्टर बताकर क्लीनिक और मेडिकल स्टोर संचालित कर रहा है, जबकि उसके पास किसी प्रकार की वैध चिकित्सा डिग्री या लाइसेंस होने की पुष्टि नहीं हो पाई है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि उक्त व्यक्ति बिना किसी प्रमाणिक योग्यता के मरीजों का इलाज कर रहा है और खुलेआम ग्लूकोज की बोतल चढ़ा रहा है। इससे मरीजों की जान को गंभीर खतरा बना हुआ है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इस मेडिकल स्टोर पर एक लगभग 14 वर्षीय नाबालिग लड़का बैठकर दवाइयों का वितरण कर रहा है, जो पूरी तरह से गैरकानूनी है। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही के चलते इस प्रकार के फर्जी क्लीनिक फल-फूल रहे हैं। बिना जांच-पड़ताल के ऐसे लोगों द्वारा इलाज किए जाने से किसी भी समय बड़ा हादसा हो सकता है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे फर्जी डॉक्टरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और इस अवैध क्लीनिक को तत्काल बंद कराया जाए। इस संबंध में जब संवाददाता ने संबंधित अधिकारी सीएमओ रस्तोगी से दूरभाष पर संपर्क किया, तो उन्होंने बताया कि मामले की जांच कराई जाएगी और यदि शिकायत सही पाई जाती है तो दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल क्षेत्र में इस घटना को लेकर लोगों में आक्रोश व्याप्त है और सभी की नजर अब प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी हुई है। यदि समय रहते उचित कदम नहीं उठाया गया तो यह लापरवाही किसी बड़ी अनहोनी को न्योता दे सकती है।









