जनजातीय उत्सव में गूंजा वीरता का स्वर, लोक रंगों से सजा मंच

जनजातीय उत्सव में गूंजा वीरता का स्वर, लोक रंगों से सजा मंच

निष्पक्ष जन अवलोकन/अमर नाथ शर्मा सोनभद्र। उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार एवं जिला प्रशासन सोनभद्र के संयुक्त तत्वावधान में, संत कीनाराम स्नातकोत्तर महाविद्यालय, राबर्टसगंज के सहयोग से आयोजित तीन दिवसीय जनजातीय उत्सव के दूसरे दिन मंगलवार को लोक परंपराओं की अद्भुत छटा देखने को मिली। यूपी, एमपी और राजस्थान के कलाकारों ने एक से बढ़कर एक कला का प्रदर्शन कर जलवा बिखेरा।कार्यक्रम की शुरुआत वीर रस से ओतप्रोत आल्हा गायन से हुई। रायबरेली से आयी अंजलि सिंह एवं दल ने जैसे ही स्वर छेड़ा—“बारह बरिस तक कुत्ता जीवे, सोलह बरिस सियार, बरिस अठारह क्षत्रिय जीवे, आगे जीवन बेकार…” पूरा वातावरण जोश, उत्साह और वीरता की भावना से भर उठा। दर्शक देर तक इस प्रस्तुति में डूबे रहे। इसके पश्चात ह्रास कुमार मारावी द्वारा रीना शैला नृत्य, सोना राम एवं दल द्वारा गरदबाजा नृत्य, राम आधार एवं दल द्वारा करमा नृत्य, तेजकरण एवं दल द्वारा चकरी व कालबेलिया नृत्य तथा लिखीराम ध्रुवे द्वारा गुदुम्बाजा नृत्य की मनमोहक प्रस्तुतियों ने जनजातीय संस्कृति की विविधता को सजीव कर दिया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि राधिका पटेल, जिला पंचायत अध्यक्ष, विशिष्ट अतिथि प्रमीला जायसवाल, जिला मंत्री, भाजपा द्वारा दीप प्रज्ज्वलन कर किया गया। जागृति अवस्थी, मुख्य विकास अधिकारी (आई.ए.एस.), सोनभद्र की विशेष उपस्थिति रही।कार्यक्रम के संयोजक डॉ. गोपाल सिंह, प्राचार्य संत कीनाराम स्नातकोत्तर महाविद्यालय, रॉबर्ट्सगंज, सोनभद्र रहे, जबकि कार्यक्रम की सम्पूर्ण परिकल्पना केंद्र निदेशक सुदेश शर्मा द्वारा की गई। कार्यक्रम का सफल संचालन आराध्या व गौरी ने किया। कार्यक्रम का समापन 25 मार्च बुधवार को होगा।इस अवसर पर विनय सिंह (सूचना अधिकारी), लियाकत अली शाह (अध्यक्ष, मुस्लिम समाज लोढ़ी), राजेश भारती (सहायक पर्यटन अधिकारी), पुष्पा सिंह (महिला मोर्चा भाजपा), राजेश कुमार पाठक एडवोकेट, चंद्रभूषण पांडेय, शमशेर बहादुर सिंह पूर्व प्रधान लोढ़ी, दिनेश बियार अपना दल, राजेश कुमार मिश्रा, विनोद कुमार जालान एवं कार्यक्रम समन्वयक मनोज कुमार सहित अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे।