गैस एजेंसियों की मनमानी से उपभोक्ता परेशान, होम डिलीवरी के नाम पर वसूली

निष्पक्ष जन अवलोकन राम बाबू मिश्रा रामसनेहीघाट, बाराबंकी। क्षेत्र में गैस एजेंसियों की मनमानी से उपभोक्ता खासे परेशान हैं। होम डिलीवरी का शुल्क लेने के बावजूद सिलेंडर घर तक नहीं पहुंचाया जा रहा, जिससे लोगों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। शासन स्तर से डोर-टू-डोर आपूर्ति के स्पष्ट निर्देश होने के बावजूद जमीनी स्तर पर इनका पालन नहीं हो रहा है। जानकारी के अनुसार बीते एक माह से कथित शॉर्टेज का हवाला देकर एजेंसी संचालक उपभोक्ताओं को लगातार परेशान कर रहे हैं। बुकिंग के दौरान ओटीपी न मिलना, ऑर्डर कन्फर्म न होना और ग्रामीण क्षेत्रों में 40-45 दिन बाद गैस उपलब्ध होना आम समस्या बन गई है। इससे रसोई गैस उपभोक्ताओं की दिनचर्या प्रभावित हो रही है। रविवार को दरियाबाद क्षेत्र की एक गैस एजेंसी द्वारा होम डिलीवरी के नाम पर करीब 37 रुपये प्रति सिलेंडर वसूलने के बावजूद उपभोक्ताओं को घर तक सप्लाई नहीं दी गई। इसके बजाय दर्जनों लोगों को एक स्थान पर बुलाकर सिलेंडरों का वितरण किया गया। भीड़ अधिक होने से मौके पर अव्यवस्था की स्थिति बन गई और सुरक्षा मानकों की अनदेखी के चलते दुर्घटना की आशंका भी बनी रही। उपभोक्ताओं का कहना है कि जब होम डिलीवरी का शुल्क लिया जा रहा है तो गैस घर तक पहुंचाई जानी चाहिए। यही नहीं, कुछ उपभोक्ताओं ने गैस एजेंसी के गोदाम पर भी होम डिलीवरी का चार्ज लिए जाने का आरोप लगाया है। उपभोक्ताओं ने प्रशासन से कार्रवाई की मांग की है। इस संबंध में एसडीएम अनुराग सिंह ने बताया कि मामले की जांच कराई जा रही है और दोषी पाए जाने पर संबंधित एजेंसी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।