साइबर थाना की महिला दारोगा खुशबू शर्मा ने साइबर अपराध और साइबर सुरक्षा पर लोगों को किया जागरूक
निष्पक्ष जन अवलोकन। । शिवसंपत करवरिया। चित्रकूट।खगड़िया साइबर अपराधों के बारे में जन जागरूकता को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से खगड़िया पुलिस के जागरूकता शिविर में आमजनों को संबोधित करते हुए साइबर थाना, खगड़िया की पुलिस सब इंस्पेक्टर खुशबू शर्मा ने कहा वर्तमान और संभावित साइबर सुरक्षा खतरों के बारे में आवश्यक स्थितिजन्य जागरूकता पैदा करने के लिए सीईआरटी-इन द्वारा राष्ट्रीय साइबर समन्वय केंद्र (एनसीसीसी) की स्थापना की गई है। आगे उन्होंने कहा भारत डिजिटल परिवर्तन और साइबर खतरों के चौराहे पर है, डिजिटल इंडिया के विजन को साकार करते हुए, सरकार की बहुस्तरीय साइबर प्रतिक्रिया टीम धोखाधड़ी की रोकथाम की सुविधा प्रदान कर रही है और हजारों घोटाले से जुड़े अवैध कृत्यों को रोक रही है। भारत के साइबरस्पेस को सुरक्षित करना एक साझा जिम्मेदारी है जहां सरकार और नागरिकों को साइबर धोखाधड़ी के खिलाफ इस लड़ाई में एक साथ मिलकर कार्य करना चाहिए तभी साइबर अपराध को नियंत्रित किया जा सकता है। साइबर थाना की महिला दारोगा खुशबू शर्मा ने कहा साइबर धोखाधड़ी से बचने के लिए अनजान लिंक पर क्लिक न करें, OTP या पिन किसी से साझा न करें, और मजबूत पासवर्ड का उपयोग करें। संदिग्ध कॉल/मैसेज पर व्यक्तिगत जानकारी न दें, दो-कारक प्रमाणीकरण (2FA) सक्षम रखें, और किसी भी धोखाधड़ी की स्थिति में तुरंत 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट करें। साइबर सुरक्षा के लिए आवश्यक उपाय के बारे में खुशबू शर्मा ने लोगों से अनुरोध किया कि संदिग्ध लिंक और फाइलों से बचें, व्हाट्सएप या एसएमएस पर प्राप्त अज्ञात लिंक या .apk फाइलों पर क्लिक न करें। OTP/पिन साझा न करें: बैंक कर्मचारी, पुलिस या कोई भी अधिकारी आपसे कभी भी ओटीपी, पिन, या पासवर्ड नहीं मांगता है। मजबूत पासवर्ड और 2FA: हर अकाउंट के लिए अलग और जटिल पासवर्ड बनाएं (अक्षर, अंक, और विशेष वर्णों का उपयोग करें)। दो-कारक प्रमाणीकरण (Two-Factor Authentication) जरूर सक्रिय करें। सार्वजनिक वाई-फाई (Public Wi-Fi) से बचें। रेलवे स्टेशन, कैफे या अन्य सार्वजनिक स्थानों पर वाई-फाई या चार्जिंग पॉइंट का उपयोग करने से बचें, क्योंकि इससे डेटा चोरी होने का खतरा रहता है। बैंक कभी भी घर आकर या फोन पर केवाईसी अपडेट नहीं करता। ऐसी किसी भी कॉल पर भरोसा न करें। अनजान लोगों की फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार न करें और लॉटरी या नौकरी के लालच में न आएं। फोन चोरी होने पर तुरंत अपने सिम कार्ड और बैंक अकाउंट को ब्लॉक करवाएं, और आईएमईआई (IMEI) को लॉक करें। अपने कंप्यूटर और मोबाइल में एक भरोसेमंद एंटीवायरस सॉफ़्टवेयर रखें। महिला दारोगा खुशबू शर्मा ने लोगों को हिदायत देते हुए कहा सतर्क रहें, जागरूक रहें और सुरक्षित रहें। यदि आपके साथ साइबर धोखाधड़ी होती है, तो तुरंत 1930 (साइबर क्राइम हेल्पलाइन) पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करें।









