जिलाकारागार चित्रकूट में इला चौधरी, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण चित्रकूट द्वारा औचक निरीक्षण एवं विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया गया।
निष्पक्ष जन अवलोकन। । शिवसंपत करवरिया। चित्रकूट ।जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण चित्रकूट के कुशल मार्गदर्शन में आज दिनांक 28.04.2026 को जिलाकारागार चित्रकूट में इला चौधरी, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण चित्रकूट द्वारा औचक निरीक्षण एवं विधिक साक्षरता शिविर का अायोजन किया गया। दौरान निरीक्षण जिलाकारागार में संचालित लीगल एड क्लीनिक का निरीक्षण किया गया। लीगल एड क्लीनिक में अनुरक्षित समस्त पंजिकाओं को देखा गया। समस्त पंजिकाओं की प्रवृष्टियां नियमानुसार अंकित पायी गयी। लीगल एड क्लीनिक में नियुक्त पैरालीगल वालेण्टियर्स को निर्देशित किया गया कि यदि कोई बन्दी अपने मुकदमें की पैरवी हेतु व्यक्तिगत अधिवक्ता करने में अक्षम है तो नियमानुसार पत्राचार करते हुये अधीक्षक जिला कारागार चित्रकूट के माध्यम से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से उक्त बन्दी के मुकदमें की पैरवी हेतु अधिवक्ता प्राप्त करा सकते हैं। इसी क्रम में वरिष्ठ नागरिक बैरक का निरीक्षण किया गया। दौरान निरीक्षण महिला बन्दियों से समस्याओं के बारें जानकारी प्राप्त की गयी। किसी महिला बन्दी द्वारा किसी प्रकार की समस्या से अवगत नहीं कराया गया तथा निरूद्ध महिला बन्दियों को अवगत कराया गया कि यदि किसी भी महिला बन्दी के पास यदि उनके मुकदमें की पैरवी हेतु अधिवक्ता नहीं तो वह अधीक्षक जिलाकारागार के माध्यम से पत्राचार कर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण चित्रकूट में निःशुल्क अधिवक्ता प्राप्त कर सकते हैं। इसी क्रम में जेल चिकित्सालय का निरीक्षण किया गया। चिकित्सालय में बीमार बन्दियों से मुलाकात कर उनके उपचार/ स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली गयी। इसके उपरान्त विधिक साक्षरता शिविर में सचिव द्वारा बताया गया कि भारत का संविधान समस्त नागरिकों को समानता का अधिकार प्रदान करता है, जिसमें महिलाओं और पुरुषों के बीच किसी भी प्रकार का भेदभाव निषिद्ध है। उन्होंने महिलाओं के अधिकारों से संबंधित महत्वपूर्ण कानूनों, जैसे घरेलू हिंसा से संरक्षण अधिनियम, कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न से संरक्षण अधिनियम, तथा बाल विवाह निषेध अधिनियम आदि के बारे में भी सरल भाषा में जानकारी दी। विशेष रूप से महिला बंदियों को आत्मनिर्भर बनने, शिक्षा प्राप्त करने तथा अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने के लिए प्रेरित किया गया। इस अवसर पर कुशकुमार सिंह अधीक्षक जिलाकारागार, सुनील कुमार वर्मा जेलर, कौशलेन्द्र मिश्रा उपकारापाल, अभय कुमार गौतम, प्रभुप्रताप सिंह, श्रीमती बृजकिशोरी उपकारापाल, गया प्रसाद निषाद मुख्य न्याय रक्षक व योगेन्द्र सिंह सहायक न्याय रक्षक आदि उपस्थित रहे।









