गोरखपुर में बनेगा विश्व स्तरीय स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, सीएम योगी ने इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम का किया शिलान्यास
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में 393 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम का शिलान्यास किया। साथ ही 60 एकड़ में विश्व स्तरीय स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स बनाने की घोषणा की।
विभव पाठक
निष्पक्ष जन अवलोकन
गोरखपुर, 16 मई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को गोरखपुर को खेल जगत में नई पहचान दिलाने वाली बड़ी सौगात दी। ताल नदोर क्षेत्र में करीब 393 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम का भूमि पूजन और शिलान्यास करते हुए उन्होंने घोषणा की कि स्टेडियम के बगल में 60 एकड़ भूमि पर विश्व स्तरीय स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स भी विकसित किया जाएगा।
कार्यक्रम में केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी भी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने कहा कि 46 एकड़ में बनने वाले इस इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में 30 हजार दर्शकों के बैठने की क्षमता होगी। इसके साथ प्रस्तावित स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में सभी प्रकार के इनडोर गेम्स की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। हॉकी समेत अन्य आउटडोर खेलों के लिए भी आधुनिक सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम और स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स बनने से पूरे क्षेत्र का तेजी से विकास होगा। यहां होटल, रेस्त्रां और व्यापारिक गतिविधियों का विस्तार होगा, जिससे बड़ी संख्या में युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे। उन्होंने कहा कि यह परियोजना पूर्वांचल के युवाओं के सपनों को नई उड़ान देने का माध्यम बनेगी।
ताल नदोर क्षेत्र के बदलाव का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि कुछ वर्ष पहले तक यह इलाका उपेक्षित और बंजर पड़ा था, जहां अवैध कब्जे की समस्या थी। लेकिन डबल इंजन सरकार ने भूमि को कब्जामुक्त कराकर अब इसे युवाओं के भविष्य को संवारने वाले केंद्र के रूप में विकसित करने का कार्य शुरू किया है। उन्होंने कहा कि सरकारी भूमि का उपयोग लोककल्याण और विकास परियोजनाओं के लिए होना चाहिए, न कि अवैध कब्जों के लिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने उत्तर प्रदेश को माफिया, गुंडागर्दी, दंगों और कर्फ्यू से मुक्त कर विकास की नई दिशा दी है। उन्होंने लोगों को आगाह करते हुए कहा कि जाति, भाषा और क्षेत्र के नाम पर समाज को बांटने वाले कभी जनता के हितैषी नहीं हो सकते। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार विकास और रोजगार सृजन को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है।
खिलाड़ियों के प्रोत्साहन को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार अब तक 534 से अधिक पदक विजेता खिलाड़ियों को सीधी भर्ती के माध्यम से सरकारी नौकरी दे चुकी है। साथ ही 500 खिलाड़ियों की नई भर्ती प्रक्रिया भी शुरू की जा रही है। उन्होंने बताया कि ओलंपिक, एशियाड, कॉमनवेल्थ और विश्वस्तरीय प्रतियोगिताओं में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को सीधे नियुक्ति पत्र दिए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में खेलो इंडिया, फिट इंडिया और सांसद खेल स्पर्धा जैसी योजनाओं से देश में नई खेल संस्कृति विकसित हुई है। सरकार गांव से लेकर मंडल स्तर तक खेल सुविधाओं का विस्तार कर रही है। हर गांव में खेल मैदान, ब्लॉक स्तर पर मिनी स्टेडियम, जिला स्तर पर स्टेडियम और मंडल स्तर पर स्पोर्ट्स कॉलेज विकसित किए जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि गोरखपुर-वाराणसी मार्ग और एक्सप्रेसवे परियोजनाओं के कारण प्रदेश में दूरी कम हुई है और विकास की गति तेज हुई है। पहले गोरखपुर से वाराणसी जाने में चार से पांच घंटे लगते थे, जबकि अब यह दूरी ढाई घंटे में पूरी हो रही है। इसी तरह लखनऊ की यात्रा भी काफी आसान हुई है।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच भूमि पूजन किया तथा पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया। मुख्यमंत्री ने स्टेडियम के ड्राइंग मैप और मॉडल का अवलोकन कर प्रस्तावित सुविधाओं की जानकारी ली।









