पुलिस लाइन्स चित्रकूट में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया 77वां गणतन्त्र दिवस
निष्पक्ष जन अवलोकन। । शिवसंपत करवरिया। चित्रकूट ।पुलिस लाइन्स चित्रकूट में 77वां गणतन्त्र दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिलाधिकारी महोदय जनपद चित्रकूट पुलकित गर्ग रहें। सर्वप्रथम पुलिस अधीक्षक चित्रकूट अरुण कुमार सिंह द्वारा परेड की सलामी ली गयी। मुख्य अतिथि महोदय द्वारा राष्ट्रीय ध्वज का ध्वाजारोहण किया गया तथा परेड द्वारा राष्ट्रीय ध्वज को सलामी दी गयी एवं राष्ट्रीय गान का वादन किया गया । मुख्य अतिथि महोदय तथा पुलिस अधीक्षक चित्रकूट द्वारा परेड का निरीक्षण किया गया, इसके बाद परेड हर्ष फायर करने के उपरान्त मार्च पास्ट करते हुये मंच के सामने से गुजरी। तत्पश्चात पुलिस अधीक्षक द्वारा परेड में शामिल जवानों एवं उपस्थित सभी अधिकारी/कर्मचारीगण को शपथ दिलायी गयी । क्षेत्राधिकारी नगर/लाइन्स श्री राज कमल द्वारा परेड की प्रथम कमाण्ड की गयी, सेकेण्ड कमाण्ड ना0पु0 निरीक्षक हरिराम यादव न्यायालय सुरक्षा तथा थर्ड कमाण्ड ना0पु0 निरीक्षक अशोक कुमार यादव रहे तत्पश्चात मुख्य अतिथि महोदय द्वारा सम्बोधित करते हुये मंच पर मंचाशीन माननीय जनपद न्यायाधीश, पुलिस अधीक्षक चित्रकूट,जनप्रतिनिधिगण,मुख्य विकास अधिकारी, समस्त अधिकारी/कर्मचारीगण, पत्रकार बन्धुओं एवं जनपद चित्रकूट के समस्त नागरिकों को 77वें गणतंत्र दिवस की शुभकानाएं देते हुये कहा कि गणतंत्र केवल शासन की एक व्यवस्था नहीं है यह विवेक, अनुशासन और साझा जिम्मेदारी से राष्ट्र गढ़ने की चेतना है।” उन्होंन कहा कि आज का दिन केवल अतीत को स्मरण करने का नहीं, बल्कि भविष्य को दिशा देने का दिन है। आज भारत उस क्षण को स्मरण करता है जब हमने यह तय किया कि हम केवल स्वतंत्र ही नहीं होंगे, बल्कि संविधान द्वारा संचालित, न्याय द्वारा निर्देशित और विवेक द्वारा प्रेरित राष्ट्र होंगे। कहा कि भीमराव अंबेडकर ने कहा था “संविधान केवल वकीलों का दस्तावेज़ नहीं है; यह समाज को चलाने वाली एक जीवंत शक्ति है।” आज हम उसी जीवंत शक्ति को नमन करते हैं। गणतंत्र दिवस हमें यह याद दिलाता है कि स्वतंत्रता अपने-आप में पर्याप्त नहीं होती। स्वतंत्रता को सही दिशा देना, उसे संस्थाओं के माध्यम से सशक्त बनाना और हर नागरिक तक समान रूप से पहुँचाना—यही गणतंत्र का सार है। हमारा संविधान हमें अधिकार देता है, लेकिन उतनी ही दृढ़ता से कर्तव्यों की याद भी दिलाता है। सार्वजनिक सेवा में कार्यरत हम सभी—विशेषकर पुलिस और प्रशासन—इस संविधान के प्रत्यक्ष संरक्षक हैं। हमें अधिकार दिए गए हैं, ताकि हम सेवा कर सकें, न कि स्वयं को श्रेष्ठ सिद्ध कर सकें। ईमानदारी के बिना अधिकार खोखला है। और न्याय के बिना व्यवस्था केवल भय पैदा करती है। आज परेड में शामिल हमारे जवान अनुशासन, साहस और समर्पण की जीवंत मिसाल हैं। आप केवल कानून-व्यवस्था के प्रहरी नहीं हैं, बल्कि संविधान में निहित भरोसे के रक्षक हैं। आपके कंधों पर देश का विश्वास टिका है। प्रिय नागरिकों, एक सशक्त गणतंत्र केवल सरकारी तंत्र से नहीं बनता। वह बनता है जागरूक नागरिकों से—जो प्रश्न पूछते हैं, अफवाहों से नहीं बहते, कानून का पालन करते हैं और सामाजिक सौहार्द बनाए रखते हैं। मुख्य अतिथि ने कहा कि हमारे संविधान ने प्रत्येक नागरिक में वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करने की बात कही है। वैज्ञानिक सोच का अर्थ केवल विज्ञान पढ़ना नहीं है। इसका अर्थ है—तर्क करना, प्रमाण पर विश्वास करना, अंधविश्वास से दूरी बनाना और बदलाव को स्वीकार करना। आज जब समाज में अफवाहें, भ्रामक सूचनाएँ और अवैज्ञानिक धारणाएँ तेजी से फैलती हैं, तब वैज्ञानिक दृष्टिकोण ही राष्ट्र को मजबूत बनाता है। प्रश्न पूछने वाला नागरिक, सोच-समझकर निर्णय लेने वाला नागरिक—वही सच्चे अर्थों में गणतंत्र को जीवित रखता है।कहा मेरे नन्हे साथियों—आज का गणतंत्र दिवस सबसे अधिक तुम्हारे लिए है। यह संविधान तुम्हारी धरोहर है। देशभक्ति केवल नारों में नहीं होती, यह ईमानदारी से पढ़ने में है, यह सच बोलने के साहस में है, यह दूसरों का सम्मान करने और नए विचारों को अपनाने में है। स्वामी विवेकानंद के संबंध में मुख्य अतिथि ने कहा कि “भारत का भविष्य उसके बच्चों के हाथों में है।” आइए, आज हम सभी यह संकल्प लें कि हम केवल अपने अधिकारों की नहीं, बल्कि अपने कर्तव्यों की भी रक्षा करेंगे। हम एक ऐसे भारत के निर्माण में योगदान देंगे जहाँ प्रगति समावेशी हो, निर्णय विवेकपूर्ण हों और न्याय अंतिम व्यक्ति तक पहुँचे। मैं अपने शब्द महात्मा गांधी के इस विचार के साथ समाप्त करना चाहूंगा कि—“किसी राष्ट्र की महानता का माप उसके सबसे कमजोर नागरिक के प्रति उसके व्यवहार से होता है। मुख्य अतिथि महोदय द्वारा पुलिस महानिदेशक उ0प्र0 महोदय के द्वारा उत्तर प्रदेश पुलिस सेवा में सराहनीय योगदान के लिए सम्मानित अरुण कुमार सिंह पुलिस अधीक्षक चित्रकूट को पुलिस सेवा में सराहनीय योगदान के लिए प्रशंसा चिन्ह(हीरक),महामहीम राष्ट्रपति द्वारा सत्यपाल सिंह अपर पुलिस अधीक्षक चित्रकूट को विशिष्ट सेवा पदक प्रदान किया गया एवं गृह मंत्रालय से सम्मानित निरीक्षक शम्भू दयाल डायल 112,निरीक्षक रीता सिंह प्रभारी साइबर थाना,उ0नि0 राम सिंह थानाध्यक्ष सरधुवा को उत्कृष्ट सेवा पदक, कुन्ज बिहारी मुख्य आरक्षी चालक, वहीद खान मुख्य आरक्षी चालक को सराहनीय सेवा सम्मान चिन्ह एवं पुलिस मुख्यालय लखनऊ से सम्मानित अरविन्द वर्मा पुलिस उपाधीक्षक, फहद अली पुलिस उपाधीक्षक,उ0नि0 सत्येन्द्र नाथ तिवारी,उ0नि0 मो0 इकराम खां,उ0नि0 चन्द्रकान्त शुक्ला,रेडियों उ0नि0 पवन कुमार,मुख्य आरक्षी रमाकान्त द्विवेदी,मुख्य आरक्षी वहीद अहमद,मुख्य आरक्षी राकेश कुमार,मुख्य आरक्षी अतुल यादव,म0मुख्य आरक्षी याशमीन बानों,मु0आ0स0पु0 विरेन्द्र कुमार,मु0आ0 पारसनाथ पाण्डेय,मु0आ0 चालक बृजेश सिंह,मु0आ0 चालक मो0 बसार,मु0आ0 चालक वहीद खां,आ0 केवल चौधरी,आ0 रामकिशोर,आ0 दिलीप कुमार,फायरमैन मनोज कुमार,फायरमैन शिवम तिवारी,ब्लॉक आर्गनाइजर संतोष कुमार सिंह एवं विजय यादव को महाकुंभ 2025 में उत्कृष्ट कार्य करते हुए सुरक्षा क्षेत्र में विशिष्ट योगदान के लिए महाकुंभ सेवा मेडल एवं प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया गया। यूपी 112 मुख्यालय से प्राप्त प्रशस्ति पत्र-कमाण्डर आ0अभिषेक सिंह बरगढ़, कमाण्डर आ0 सुब्बा लाल बरगढ़, कमाण्डर आ0 मनीष यादव राजापुर, कमाण्डर आ0 अंकित शुक्ला राजापुर, कमाण्डर आ0 शिवम मिश्रा राजापुर, कमाण्डर आ0 शिवा सिंह आरोआपी कार्यालय, हो0गा0 चालक फूल चन्द्र बरगढ़, हो0गा0 चालक रामबाबू राजापुर, हो0गा0 चालक अनमोल राजापुर,वर्ष 2025 में सराहनीय कार्य करने वाले अधिकारी/कर्मचारीगण प्रतिसार निरीक्षक राम शीष यादव,निरीक्षक एमपी त्रिपाठी प्रभारी स्वाट टीम,निरीक्षक अशोक कुमार यादव प्रभारी आईजीआरएस,निरीक्षक शिवमूरत यादव प्रभारी आर0टी0सी0,निरीक्षक अजीत कुमार पाण्डेय अपराध शाखा,उ0नि0 बृजबिहारी थाना राजापुर,उ0नि0स0पु0 राकेश कुमार समाधिया पुलिस लाइन,म0मु0आ0 रचना यादव,म0मु0आ0 हर्षिता दीक्षित स्थानीय अभिसूचना इकाई,आ0 ललित सोनी थाना मानिकपुर,आ0 अमित द्विवेदी थाना राजापुर,आ0 भाष्कर शुक्ला जीआरपी,आ0 मानवेन्द्र सिंह शाखा आई0जी0आर0एस0,आ0 विजय वर्मा शिकायत प्रकोष्ठ,आ0 लवकुश यादव थाना राजापुर,आ0 ज्ञानेश मिश्रा स्वॉट टीम,आ0प्रशान्त कुमार साइबर सेल,आ0 शिवम मिश्रा चौकी सीतापुर, आ0 अभिषेक प्रताप सिंह चौकी परिक्रमा मार्ग सीतापुर,आ0 आशीष कुमार सिंह चौकी सीतापुर,म0आ0 शिवानी सिंह चन्देल सम्मन सेल,म0आ0 स्वाती पाण्डेय महिला सहायता प्रकोष्ठ, कुक हरनारायण,कुक बालेन्द्र,हो0गा0 ज्ञान चन्द्र को पुलिस अधीक्षक द्वारा प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। पुलिस अधीक्षक द्वारा मुख्य अतिथि महोदय जिलाधिकारी चित्रकूट, माननीय जनपद न्यायाधीश एवं मुख्य विकास अधिकारी महोदया को मोमेन्टो/स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि महोदय द्वारा परेड में शामिल आरक्षी नागरिक पुलिस की टोली नं0-03 परेड में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिये प्रथम स्थान, महिला आरक्षी नागरिक पुलिस की टोली नं0-08 को द्वितीय स्थान एवं टोली नं0-01 आरक्षी नागरिक पुलिस को तृतीय स्थान को शील्ड देकर पुरुष्कृत किया गया। तत्पश्चात विभिन्न विद्यालयों से आये छात्र-छात्राओं ने देश भक्ति गीतों पर शानदार,मनमोहक प्रस्तुतियां दी, जिसके लिये सभी विद्यालय के छात्र/छात्राओं को प्रशस्ति-पत्र तथा स्मृति चिन्ह प्रदान किया गया । पुलिस अधीक्षक चित्रकूट द्वारा आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पुलिस लाइन्स परेड ग्राउण्ड में इस पावन बेला में उपस्थित होकर जवानों का उत्साहवर्धन करने के लिये मुख्य अतिथि महोदय, समस्त अधिकारीगण, पत्रकार बन्धुओं, विद्यायल प्रबंधन, पुलिस परिवार के सदस्यों एवं जनपद चित्रकूट के गणमान्य नागरिकों को धन्यवाद दिया गया । परेड एवं परेड ग्राउड की साज-सज्जा में मेहनत करने के लिये प्रतिसार निरीक्षक राम शीष यादव एवं अन्य समस्त पुलिस कर्मियों की सराहना की गयी । गणतंत्र दिवस समारोह में माननीय जनपद न्यायाधीश शेष मणि शुक्ला,पूर्व सासंद भैरोप्रसाद मिश्र,पूर्व मंत्री चन्द्रिका प्रसाद उपाध्याय,सदर विधायक अनिल प्रधान,जिलाध्यक्ष भाजपा महेन्द्र कोटार्य,को-ऑपरेटिव बैंक चेयरमैन बांदा पंकज अग्रवाल,मुख्य चिकित्सा अधिकारी भूपेश द्विवेदी,अपर पुलिस अधीक्षक सत्यपाल सिंह,क्षेत्राधिकारी नगर अरविन्द कुमार वर्मा, क्षेत्राधिकारी कार्यालय यामीन अहमद, क्षेत्राधिकारी मऊ फहद अली, राजस्व एवं पुलिस विभाग के अन्य अधिकारी/कर्मचारीगण तथा सम्मानित नागरिकों द्वारा परेड ग्राउण्ड में उपस्थित होकर परेड का उत्साहवर्धन किया। अपर पुलिस अधीक्षक सत्यपाल सिंह द्वारा पुलिस कार्यालय में तथा जनपद के समस्त थाना/चौकी प्रभारियों द्वारा अपने थाना/चौकियों में ध्वजारोहण कर तिरंगे झण्डे को सलामी दी गयी ।