निर्माणाधीन मकान से वायरिंग केबल चोरी का खुलासा, गोरखनाथ पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार

गोरखपुर के गोरखनाथ थाना क्षेत्र में निर्माणाधीन मकान से वायरिंग केबल चोरी के मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने वांछित आरोपी गोलू चौहान को गिरफ्तार किया है।

निर्माणाधीन मकान से वायरिंग केबल चोरी का खुलासा, गोरखनाथ पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार
वायरिंग केबल चोरी के मामले में गिरफ्तार आरोपी

विभव पाठक

निष्पक्ष जन अवलोकन 

गोरखपुर। गोरखनाथ थाना क्षेत्र में निर्माणाधीन मकान से वायरिंग केबल चोरी के मामले का पुलिस ने खुलासा करते हुए एक वांछित अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। चोरी की घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई इस कार्रवाई को पुलिस ने महत्वपूर्ण सफलता बताया है।

पुलिस के अनुसार थाना गोरखनाथ में दर्ज मुकदमा संख्या 464/2025 से संबंधित वांछित अभियुक्त गोलू चौहान पुत्र राधेश्याम चौहान, निवासी तुरहाबारी शिव मंदिर के पास, को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी के खिलाफ आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।

मामले की शुरुआत 23 अक्टूबर 2025 को हुई थी, जब वादी ने थाना गोरखनाथ में तहरीर देकर बताया कि वह साकेतपुरी कॉलोनी स्थित एक निर्माणाधीन मकान की देखरेख करता है। 22 अक्टूबर 2025 की रात अज्ञात चोर निर्माणाधीन भवन में घुस गए और वहां रखी महंगी वायरिंग केबल चोरी कर फरार हो गए। घटना की जानकारी होने पर वादी ने पुलिस को सूचना दी।

तहरीर के आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल से जुड़े साक्ष्य एकत्र किए और संदिग्धों की गतिविधियों का विश्लेषण किया। तकनीकी एवं स्थानीय सूचनाओं के आधार पर पुलिस आरोपी तक पहुंचने में सफल रही।

पुलिस टीम ने दबिश देकर वांछित अभियुक्त गोलू चौहान को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान उससे चोरी की घटना के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपी किसी अन्य चोरी की घटनाओं में शामिल रहा है या नहीं।

गोरखनाथ पुलिस का कहना है कि जनपद में चोरी, लूट और अन्य आपराधिक गतिविधियों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। अपराधियों की गिरफ्तारी और लंबित मामलों के शीघ्र निस्तारण के लिए विशेष टीमें सक्रिय हैं।

पुलिस अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि निर्माणाधीन भवनों और खाली पड़े मकानों की सुरक्षा के लिए पर्याप्त इंतजाम करें तथा किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें, ताकि अपराधों की रोकथाम प्रभावी ढंग से की जा सके।