विश्व पर्यावरण दिवस पर सारथी इंडिया द्वारा सेमिनार एवं पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित

विश्व पर्यावरण दिवस पर सारथी इंडिया द्वारा सेमिनार एवं पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित

निष्पक्ष जन अवलोकन। योगेश जायसवाल।

लखनऊ। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर सामाजिक संस्था सारथी इंडिया द्वारा कौशलपुरी, खरगापुर, लखनऊ में सेमिनार एवं पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना तथा लोगों को अधिक से अधिक वृक्षारोपण के लिए प्रेरित करना था।

कार्यक्रम का शुभारंभ संस्था की अध्यक्ष संध्या सक्सेना द्वारा पौधारोपण कर किया गया। इस अवसर पर संस्था के अन्य सदस्यों, समाजसेवी देवनाथ श्रीवास्तव तथा क्षेत्र की अनेक महिलाओं ने भी उत्साहपूर्वक पौधे लगाए। उपस्थित लोगों ने पर्यावरण संरक्षण के लिए वृक्षारोपण को सबसे प्रभावी माध्यम बताते हुए अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने का संकल्प लिया।

आयोजित सेमिनार में वक्ताओं ने कहा कि बढ़ते प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन तथा प्राकृतिक संसाधनों के अंधाधुंध दोहन के कारण पर्यावरणीय संतुलन प्रभावित हो रहा है। ऐसे समय में प्रत्येक नागरिक का यह दायित्व है कि वह अपने जीवन में कम से कम एक पौधा अवश्य लगाए तथा उसके संरक्षण की जिम्मेदारी भी निभाए। वक्ताओं ने बताया कि वृक्ष न केवल शुद्ध वायु प्रदान करते हैं, बल्कि जल संरक्षण, भूमि संरक्षण तथा जैव विविधता के संरक्षण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

संस्था की अध्यक्ष संध्या सक्सेना ने अपने संबोधन में कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकार या किसी एक संस्था की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि यह पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अपने घरों, विद्यालयों, कार्यालयों तथा सार्वजनिक स्थानों पर अधिक से अधिक पौधे लगाकर पर्यावरण को सुरक्षित बनाने में योगदान दें।

कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सभी लोगों को पर्यावरण संरक्षण एवं वृक्षारोपण की शपथ दिलाई गई। सभी प्रतिभागियों ने यह संकल्प लिया कि वे अपने आसपास स्वच्छता बनाए रखेंगे, प्लास्टिक के उपयोग को कम करेंगे तथा हर वर्ष पौधारोपण अभियान में सक्रिय भागीदारी करेंगे।

कार्यक्रम का समापन पर्यावरण संरक्षण के प्रति जन-जागरूकता फैलाने तथा हरित एवं स्वच्छ भारत के निर्माण हेतु सामूहिक प्रयास करने के संदेश के साथ हुआ। स्थानीय नागरिकों एवं महिलाओं की सक्रिय भागीदारी ने कार्यक्रम को सफल और प्रेरणादायक बनाया।