बी०जे०पी० या मोदी को हटाने का नहीं केवल धर्म हटाने की बात चल रही है
अजय रावत निष्पक्ष जन अवलोकन बाराबंकी।प्रश्न बीजेपी या मोदी को हटाने का नहीं है ।यहां पर केवल धर्म को हटाने की बात चल रही है। साहित्यकार पं रामदयाल त्रिवेदी निर्विकार ने अपने आवास ग्राम पीठापुर पर कहा की विपक्ष दल या विरोधियों द्वारा जो मोदी या बीजेपी की आलोचना हो रही है वह वास्तविक रूप से देश की संप्रभुता व अखंडता भंग करने के उद्देश्य से समाज के अराजक लोगों द्वारा कुंठित लोगों को सत्ता में लाने का प्रयास चल रहा है। सेना द्वारा कई युद्ध जीतने के बाद भी कांग्रेस गुलाम कश्मीर को नहीं ले पाई। बांग्लादेश को अलग किया ।भले ही मोदी ब्राह्मण विरोधी है। क्योंकि देश को अगर नेहरू ने बर्बाद किया तो भारत के पहले उपराष्ट्रपति सर्वपल्ली राधाकृष्णन को क्यों विलुप्त किया जा रहा है। साथ ही साथ उन्होंने यह भी कहा कि अगर राजनीतिक भू पृष्ठ पर देखा जाए तो सच्ची देशभक्ति भाजपा ही है ।उन्होंने कहा मैं किसी की पार्टी की ना तो बुराई कर रहा हूं ना प्रशंसा नहीं तो मैं किसी का पक्ष ले रहा हूं। ना तो किसी के विपक्ष में हूं ।लेकिन मेरा यह मानना है की आजादी के समय बंटवारे का प्रस्ताव रखने की क्या मजबूरी थी। बटवारा किस हिसाब से हुआ मुसलमानों को दो-दो देश अलग दे दिए गए। एक पाकिस्तान दूसरा बांग्लादेश फिर भारत में भी उनको सबसे पहले आरक्षण क्या आवश्यकता थी विभाजन करने की ।इसलिए मैं जनता से यह कहना चाहता हूं ।कि अगर उनको मोदी से द्वेष है तो मोदी को हटा दो ।लेकिन बीजेपी को बरकरार रखो। पं रामदयाल त्रिवेदी निर्विकार









