कनिष्ठ लिपिक को रिलीव न किए जाने से विभागीय कार्यशैली पर उठ रहे सवाल
अजय रावत निष्पक्ष जन अवलोकन बाराबंकी। एक कनिष्ठ लिपिक के स्थानांतरण के बाद भी उसे कार्यमुक्त न किए जाने का मामला सामने आया है। जिले के आरईडी से संबंधित कनिष्ठ लिपिक मुकेश कुमार स्थानीय निवासी है और पिछले लगभग आठ वर्षों से एक ही स्थान पर कार्यरत है। हाल ही में प्रशासनिक आधार पर उनका ट्रांसफर अमेठी हुआ है लेकिन विभागीयअधिकारियों द्वारा अभी तक उनको रिलीव नहीं किया गया है। सूत्रों की माने तो संबंधित कर्मचारी स्वयं यह दावा कर रहा है कि वह अपना स्थानांतरण रुकवा लेगा जिसके लिए एसी अयोध्या मंडल से मिल चुका है । अब उसे कोई कार्यमुक्त नहीं कर सकता। सूत्र यह भी बताते है भ्रष्टाचार के लिए जिले के दो माननीय भी इस लिपिक की शिकायत मुख्यमंत्री से कर चुके है फिर भी यह रिलीव नहीं हुए।इस संबंध में विभाग के अधीक्षण अभियंता अयोध्या मंडल के के मिश्रा से जब बात हुई तो उनका कहना था कि स्थानांतरण आदेश हुआ है।रोकने की बात गलत है।कार्यालय से रिलीविंग की कार्यवाही जल्द होगी।रिलीव क्यों नहीं हुए यह पता करेंगे।









