सेठ एम.आर. जयपुरिया स्कूल का 10वां स्थापना दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया गया

निष्पक्ष जन अवलोकन बाराबंकी। सेठ एम.आर. जयपुरिया स्कूल का 10वां स्थापना दिवस रविवार को हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। स्थापना के नौ वर्ष पूरे होने और दसवें वर्ष में प्रवेश के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम की शुरुआत स्कूल के निदेशक पी.पी. सिंह, मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. सुभाष सिंह, उप प्रबंधक डॉ. अभिनव सिंह और सहायक डायरेक्टर के.के. सिंह ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर की। प्रधानाचार्या मितुषी नेगी ने अतिथियों का स्वागत किया। इस दौरान प्री-नर्सरी से लेकर दसवीं कक्षा तक की शैक्षिक उपलब्धियों की जानकारी दी गई। निदेशक पी.पी. सिंह ने कहा कि किसी भी विद्यालय की सफलता में वहां कार्य करने वाले शिक्षकों और कर्मचारियों की बड़ी भूमिका होती है। उन्होंने कहा कि संस्थान में लंबे समय तक सेवा देकर उसे नई पहचान देने वाले सभी लोगों के प्रति प्रबंधन आभारी है। वर्ष 2015 में स्थापित यह विद्यालय शैक्षिक उत्कृष्टता, रचनात्मकता, नैतिक मूल्यों और समग्र विकास का अनूठा संगम रहा है। पिछले दस वर्षों में प्रबंधन, प्रधानाचार्य और शिक्षकों के कुशल नेतृत्व में विद्यालय ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं। इन उपलब्धियों में तीरंदाजी के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर पर विजेता बनकर अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने का अवसर प्राप्त करना प्रमुख है। इसके अतिरिक्त जेईई मेन्स 2026 में अयांश उत्कर्ष मौर्य ने 99.61 प्रतिशत अंक प्राप्त कर जिले में सर्वोच्च स्थान हासिल किया, जिससे विद्यालय का गौरव बढ़ा। मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. सुभाष सिंह ने बताया कि विद्यालय ने भविष्य की योजनाओं का भी अनावरण किया है। इसी सत्र से प्री-प्राइमरी के लिए पूर्ण वातानुकूलित ब्लॉक प्रस्तावित किया गया है। इस नए ब्लॉक में बच्चों के लिए अत्याधुनिक खेल सामग्री, डिजिटल स्मार्ट बोर्ड और रुचिकर शिक्षा की व्यवस्था की जाएगी। साथ ही भविष्य में क्रिकेट अकादमी, बैडमिंटन अकादमी और आधुनिक स्विमिंग पूल सहित अन्य खेल सुविधाओं के निर्माण की भी योजना बनाई गई है। इस अवसर पर विद्यालय के चेयरमैन पी.पी. सिंह, मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. सुभाष सिंह, वाइस प्रेसिडेंट डॉ. अभिनव सिंह, असिस्टेंट डायरेक्टर के.के. सिंह तथा सभी समन्वयक उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन प्रधानाचार्या मितुषी नेगी द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।