बेटी शिक्षा अभियान अब डिजिटल हुई उड़ान” से गांव-गांव में जागरूकता
निष्पक्ष जन अवलोकन रिपोर्टर: नूर मोहम्मद मसौली, बाराबंकी। बालिकाओं की शिक्षा को बढ़ावा देने और उन्हें डिजिटल युग से जोड़ने के उद्देश्य से वात्सल्य संस्था द्वारा संचालित ‘सक्षम परियोजना’ के अंतर्गत एक विशेष जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। “बेटी शिक्षा अभियान अब डिजिटल हुई उड़ान” नाम से आयोजित इस अभियान में वात्सल्य संस्था और फोरम फॉर एडवांसिंग वूमेन (फावा) का संयुक्त सहयोग है। यह अभियान मसौली व सिरौली गौसपुर ब्लॉक के 72 गांवों में संचालित हो रहा है, जिसका मुख्य उद्देश्य बालिकाओं को बेहतर शिक्षा के लिए प्रेरित करना और उन्हें डिजिटल तकनीक से परिचित कराना है, ताकि वे आधुनिक समय में आत्मनिर्भर बन सकें। अभियान के तहत विभिन्न गांवों में रैली, गोष्ठी, “बेल बजाओ”, डोर-टू-डोर संपर्क, डिजिटल परिचय, ‘सफलता की आवाजें’ जैसी गतिविधियां और संवाद सत्र आयोजित किए जा रहे हैं। इन कार्यक्रमों के माध्यम से किशोरियों को शिक्षा के महत्व, डिजिटल साधनों के उपयोग, ऑनलाइन शिक्षा के अवसरों और उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। वात्सल्य संस्था के प्रतिनिधियों का कहना है कि डिजिटल शिक्षा आज के समय की जरूरत है और ग्रामीण क्षेत्रों की बेटियों को इससे जोड़ना बेहद जरूरी है। इस पहल से बालिकाओं में शिक्षा के प्रति रुचि बढ़ेगी और वे तकनीकी रूप से भी सशक्त बनेंगी। इस अभियान में स्थानीय समुदाय, अभिभावकों और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी देखने को मिल रही है। ग्रामीणों ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे बेटियों के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। यह अभियान आने वाले समय में बालिकाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने और उन्हें शिक्षा व डिजिटल ज्ञान के माध्यम से सशक्त बनाने में अहम भूमिका निभाएगा।









