भिटरिया बस स्टेशन का उद्घाटन, अगले ही दिन बसों का नहीं हुआ संचालन

निष्पक्ष जन अवलोकन विनय सिंह रामसनेहीघाट (बाराबंकी)। अयोध्या का द्वार कहे जाने वाले भिटरिया बस स्टेशन का मंगलवार को भव्य उद्घाटन तो हो गया, लेकिन अगले ही दिन इसकी हकीकत सामने आ गई। बुधवार को बस स्टेशन पर यात्री तो पहुंचे, मगर एक भी रोडवेज बस अंदर नहीं आई। हालात यह रहे कि पूरे दिन बसें मुख्य सड़क से गुजरती रहीं और यात्री बस स्टेशन के बजाय बाहर खड़े होकर बसों का इंतजार करते नजर आए। करीब साढ़े तीन करोड़ रुपये की लागत से बने इस बस स्टेशन का उद्घाटन परिवहन राज्य मंत्री दयाशंकर सिंह ने खाद्य एवं रसद राज्य मंत्री सतीश शर्मा के साथ किया था। उद्घाटन के समय क्षेत्रीय लोगों को उम्मीद जगी थी कि अब उन्हें यहीं से सीधी बस सुविधा मिलेगी, लेकिन व्यवस्था के अभाव में पहले ही दिन यह उम्मीद टूटती दिखी। बस स्टेशन पर सिर्फ एक सुरक्षा गार्ड तैनात मिला, जबकि परिवहन विभाग के कर्मचारी नदारद रहे। यात्रियों को मजबूरन पास के ढाबों और सड़क किनारे खड़े होकर बस पकड़नी पड़ी, जिससे नाराजगी साफ दिखी। मामले की जानकारी मिलने पर राज्य मंत्री सतीश शर्मा ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने स्पष्ट कहा कि हर हाल में सभी रोडवेज बसें भिटरिया बस स्टेशन के अंदर आकर ही रुकेंगी और यहीं से संचालित होंगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि बसों का संचालन और कर्मचारियों की तैनाती तत्काल सुनिश्चित की जाए। साथ ही कहा कि आधा दर्जन से अधिक बसों का संचालन यहां से शुरू कराया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि बस स्टेशन के सुचारू संचालन से क्षेत्र के सैकड़ों गांवों के हजारों लोगों को सीधी और सुविधाजनक यात्रा मिलेगी। इसके साथ ही परिवहन विभाग की आय में वृद्धि होगी और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे।