*भोले भाले लोगो को मदद के नाम पर बनाते थे अपना शिकार *पुलिस ने किया गिरोह का खुलासा, सरगना की तलाश
*87 एटीएम, मोबाइल, स्वाइप मशीन और कार बरामद
*अन्य राज्यो में भी कर चुके है फ्रॉड, कई मामलों में पूर्व से दर्ज है मुकदमा

निष्पक्ष जन अवलोकन। नितेश मिश्रा।
बाराबंकी। एटीएम के प्रयोग के दौरान वैसे तो हर व्यक्ति को सावधानी बरतनी चाहिए लेकिन एटीएम केबिन में जाने से पहले यह भी आश्वस्त हो जाना चाहिए कि केबिन में पहले से कोई व्यक्ति मौजूद तो नहीं है क्योंकि केबिन में मौजूद वह व्यक्ति आपके एटीएम के पिन कार्ड पर अपनी नजरें जमाए हुए हैं।
जी हां जनपद में आज पुलिस ने एक ऐसे ही मामले का खुलासा किया है जिसमे वादी रमाकान्त पुत्र रामनिधि निवासी ग्राम कोटवा सड़क द्वारा पर सूचना दी गयी कि वह एस.बी.आई. एटीएम कोटवासड़क पर रूपये निकालने गये थे जहां एटीएम केबिन के अन्दर पैसे निकालने की प्रक्रिया में थे कि पीछे से अज्ञात व्यक्ति ने आकर मदद करने के बहाने धोखे से एटीएम कार्ड बदल लिया और थोड़ी देर में 49,000₹ रूपये बैंक खाते से निकाल लिए गये उक्त सूचना के आधार पर मु0अ0सं0 243/21धारा 420 भादवि पंजीकृत किया गया।
पुलिस अधीक्षक यमुना प्रसाद द्वारा घटना का संज्ञान लेकर एटीएम/डेविड कार्ड से फ्रॉड कर रूपये निकालने वाले अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए अपर पुलिस अधीक्षक दक्षिणी मनोज कुमार पाण्डेय के निर्देशन, क्षेत्राधिकारी रामसनेहीघाट पंकज सिंह के पर्यवेक्षण में पुलिस टीमों का गठन किया गया। प्रभारी निरीक्षक रामसनेहीघाट के नेतृत्व गठित पुलिस टीम द्वारा मुखबिर की सूचना पर एटीएम/डेविड कार्ड से फ्रॉड कर रूपये निकालने वाले 04 शातिर अभियुक्तों साजिद पुत्र खुर्शीद निवासी बामनी थाना जुरहरा जनपद भरतपुर (राजस्थान), अनीश पुत्र शहाबुद्दीन निवासी धौलागढ़ थाना कैम्प जनपद पलवल (हरियाणा), इरशाद पुत्र कल्लू निवासी घंघोट थाना चांदहट जनपद पलवल (हरियाणा), शाहरूख पुत्र इसराइल निवासी लखनका थाना हथीन जनपद पलवल (हरियाणा) को कोटवा सड़क चौकी थाना रामसनेहीघाट जनपद बाराबंकी से गिरफ्तार किया गया। अभियुक्तगण के कब्जे से विभिन्न बैंको के 87 एटीएम/डेविड कार्ड, 01 अदद स्वैप मशीन व घटना में प्रयुक्त आई-20 कार बरामद किया गया। विवेचना से मुकदमा उपरोक्त में धारा 419/467/468/471 भादवि की बढ़ोत्तरी की गयी।
अभियुक्तगणों ने थाना रामसनेहीघाट क्षेत्रान्तर्गत एस.बी.आई. एटीएम कोटवासड़क में एटीएम/डेविड कार्ड बदल कर की गई घटना को स्वीकार करते हुए पूछताछ में बताया कि उन लोगों का एक गिरोह है जिसका सरगना साजिद है । यह लोग हरियाणा, दिल्ली, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, मध्यप्रदेश, उत्तराखण्ड व बिहार राज्य में विभिन्न स्थानों पर एटीएम केबिन में घुसकर पहले एटीएम मशीन में लगी बटनों को दबाकर मिस मैच कर देते है और जब कोई व्यक्ति रूपये निकालने के लिए आता है तो उसका एटीएम कार्ड काम नहीं करता है उसके बाद यह लोग मदद करने के बहाने पीछे से एटीएम कार्ड का पिन कोड ले लेते है और मौका पाकर एटीएम कार्ड को उसी बैंक के एटीएम कार्ड से बदल देते है।
पूछताछ में अभियुक्तो ने बताया कि उन लोगो द्वारा विशेषकर एसबीआई,एचडीएफसी,एक्सिस और पीएनबी के एटीएम मशीनों को चिन्हित करते है। बदले गये एटीएम कार्ड को स्वैप मशीन के माध्यम से रूपये अपने बैंक खातों में ट्रांसफर कर लेते है।
यह स्वैप मशीन उनके साथी आजाद पुत्र अलीशेर निवासी घंघोट थाना चांदहट जनपद पलवल (हरियाणा) की है । ट्रांसफर किये गये रूपयों को आजाद द्वारा विड्राल किया जाता है और बाद में आपस बंटवारा कर लेते है। अभियुक्तगणों द्वारा लगातार कई राज्यों में भोले-भाले व्यक्तियों के साथ इस तरह की घटना कारित की गयी है, जिसका कुछ लोगों द्वारा शिकायत भी दर्ज नहीं करायी गयी।
इस गिरोह के द्वारा विभिन्न राज्यों में इस तरह की घटनाएं कारित की गयी है जिसमे जून 2021 में एसबीआई एटीएम आगरा चौक पलवल में कार्ड बदल कर 1,90,000/-रूपये स्वैप मशीन से ट्रांसफर किया था। इस सम्बन्ध में थाना सिटी कोतवाली पलवल में मु0अ0सं0-371/21 धारा 420/406 भादवि पंजीकृत किया गया है।
वही मार्च 2021 में एचडीएफसी एटीएम हयातपुर, गुरूग्राम हरियाणा में कार्ड बदल कर 38,000/-रूपये स्वैप मशीन से ट्रांसफर किया था। इस सम्बन्ध में थाना करूख नगर में आनलाइन शिकायत पंजीकृत किया गया है।
इस गिरोह द्वारा ही अप्रैल 2021 में एक्सिस बैंक एटीएम महुआ भरतपुर, राजस्थान से कार्ड बदल कर 10,000/-रूपये स्वैप मशीन से ट्रांसफर किया था। इस सम्बन्ध में थाना महुआ जनपद भरतपुर, राजस्थान में मु0अ0सं0-212/21 धारा 420भादवि पंजीकृत किया गया है और जून 2021 में पंजाब नेशनल बैंक एटीएम से कार्ड बदल कर 16,000/-रूपये स्वैप मशीन से ट्रांसफर किया था। इस सम्बन्ध में थाना नवाबाद जनपद झॉसी में मु0अ0सं0-371/21 धारा 420/406 भादवि पंजीकृत किया गया है।