सिरौलीगौसपुर बाराबंकी।अलीनगर रानी मऊ तटबंध व करीब एक दर्जन गांवों व विशेषकर अलीनगर रानीमऊ तटबांध को बचाने के लिए शासन ने वित्तीय वर्ष 2019 20 में 11 करोड़ रुपए का पैकेज देकर पांच स्पर बनाने के निर्देश दिया था। यह कार्य शुरू होते ही बारिश व बाढ़ आने के चलते पूरे नहीं किए जा सके आधे अधूरे बने स्पर बाढ़ के पानी से जगह जगह फिर नदी में समाहित हो गए।बाढ़ खत्म होने के बाद भी बाढ़ विभाग ने कार्य कराने के लिए मुड़कर अभी तक नही देखा है।वही वित्तीय वर्ष 2020 21 में नई परियोजनाओं की तैयारी भी शुरू कर दी है।आधे अधूरे पुराने कार्य पूरे ना होने से बाढ़ प्रभावित गांव के ग्रामीण बाढ़ विभाग पर कार्य में लापरवाही बरतने का आरोप लगा रहे हैं।बाढ़ विभाग के द्वारा सरयू नदी की कटान से सराय सुरजन भौरीकोल करौनी इटहुवा आदि गांव व अलीनगर रानी मऊ तटबंध को बचाने के लिए 11 करोड़ की लागत से 5 स्पर बनाने का कार्य शुरू किया था।कार्य बहुत धीमा हो रहा था जिस का निरीक्षण करने के लिए शासन से बाढ़ विभाग की सचिव से लेकर मुख्य अभियंता तक इन स्परों का निरीक्षण किया था। और कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए थे। फिर भी बाढ़ विभाग के द्वारा कार्य को पूरा नहीं किया जा सका।स्पर बनाने के कार्य अभी तक 40 से 50 प्रतिशत तक ही हो पाया है।देर से शासन द्वारा स्पर बनाने हेतु धनराशि मिलने के कारण देर से जमीनो की रजिस्ट्री के पश्चात कार्य शुरू हुआ । कार्य चल ही रहा था तभी बारिश शुरू हो गई बारिश के कारण काम रुक गया। कुछ ही दिन बाद नेपाल द्वारा छोड़े गए पानी से सरयू नदी में बाढ़ आ गई और पानी बांध तक आ गया जिससे स्पर बनाने का कार्य पूरी तरीके से बंद हो गया। बाढ़ के पानी से बने आधे अधूरे स्पर की मिट्टी भी बह गई। ग्रामीण अकबाल सिंह दिवाकर पांडेय राम बक्स घिर्राऊ उज्जवल राम सुमिरन रवि नंदन राजन हरिशंकर पांडे आदि ग्रामीण ने बताया कि बाढ़ विभाग के द्वारा कार्य में लापरवाही बरती जा रही है स्परों पर कार्य शुरू करा देना चाहिये । जब बाढ़ आती है तभी बाढ़ विभाग सक्रिय होता है।
बाढ़ जाने के बाद बाढ़ विभाग पूरी तरीके से भूल जाता है की आधे अधूरे कार्य को भी पूरा करना है।ग्रामीणों ने बताया कि अगर बाढ़ विभाग अभी से आधे अधूरे कार्यों को पूरा करने का कार्य शुरू कर दे तो बाढ़ आने से पहले यह कार्य पूरे हो जाएंगे।जिससे दर्जनों गांव व बांध सुरक्षित हो जाएंगे।19 नवंबर को मुख्य अभियंता सूरज पाल सिंह व अधीक्षण अभियंता शरद कुमार सिंह ने बाढ़ विभाग के द्वारा वित्तीय वर्ष 2020 21 में बनाई गई नई परियोजनाओं का निरीक्षण किया था। उन्होंने पुरानी परियोजनाओं के कार्यों को पूरा करने का निर्देश भी दिया था। स्पर निर्माण में लगने वाले बोल्डर गिद्रा पुर मुड़ियाडीह मरौचा आदि गांव के जाने वाले संपर्क मार्गों के किनारे पड़े हुए हैं जिससे कि राहगीरों को आने जाने में काफी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इस संबंध में अधिशासी अभियंता उत्कर्ष भरद्वाज से बात की गई तो उन्होंने बताया कि बांध के आसपास जलभराव है बांध पर डंपर चलने से बांध को नुकसान पहुंचेगा जलभराव खत्म होते ही कार्य शुरू कर दिया जाएगा।समय से कार्य को पूरा भी कर लिया जाएगा।