बाराबंकी(योगेश जायसवाल)। भारत के पूर्व उप प्रधानमंत्री, दलितो, मजदूरों व गरीबो के वास्तविक मसीहा बाबू जगजीवन राम का जन्म दिन सन्त शिरोमणि गुरू रविदास जयन्ती समारोह समिति मोहल्ला कानून गोयान द्वारा वरिष्ठ समाजसेवी रमेश चन्द्र कुरील के नेतृत्व में बड़ी धूम-धाम से मनाया गया।
बाबू जगजीवन राम के जीवन पर प्रकाश डालते हुए रमेश चन्द्र कुरील ने कहा कि बाबू जी का जन्म 05 अप्रैल 1908 को बिहार प्रदेश के जिला शाहाबाद के छोटे से गांव चाँदवा में हुआ इनकी माता का नाम वसन्ती देवी व पिता का नाम शोभी राम था पढ़ाई के दौरान ही गांधी जी से प्रेरित होकर आजादी की लड़ाई में शामिल हुए तथा भारत छोड़ो आन्दोलन में जेल भी गये मात्र 28 वर्ष की उम्र में बाबू जी सन् 1936 में बिहार विधान परिषद के सदस्य बने 30 वर्षों तक लगातार केन्द्रीय मंत्री मण्डल में रहे श्रम, कृषि, संचार व रक्षा जैसे अहम् मंत्रालयों का कुशलता पूर्वक निर्वाह किया तथा विगत 23 मार्च 1977 को भारत के उप प्रधानमंत्री भी बने निरन्तर 50 वर्षों तक बाबू जी ने दलितो मजदूरों व गरीबों के मूल भूत अधिकारो के लिए ऐतिहासिक कार्य किये दलितो के सम्मान की रक्षा के लिए बाबू जी ने सन् 1934 में अखिल भारतीय रविदास महासभा की स्थापना की।
मनोज कुरील ने कहा कि बहुत कम लोग ही जानते है कि श्रमिको और कर्मचारियों को कई सुविधाएं जो आज उपलब्ध है, वह बाबू जी की दूर दृष्टि का ही परिणाम है, बाबू जी ने जाति, क्षेत्र, धर्म और भाषा से देश को सदैव श्रेष्ठ माना। उनका कहना था यदि देश ही नही होगा तो ये सब कहां होगें।
उपस्थित सभी लोगों ने छत्तीसगढ़ के बीजापुर में शनिवार को हुए नक्सली हमलें में शहीद जवानों को 02 मिनट का मौन रख कर श्रद्धांजली अर्पित की।
इस अवसर पर समाजसेवी रोहित द्विवेदी, पवन कुरील, रक्षक कुरील, अमरीश कुरील, धीरज कुरील, मथुरा प्रसाद, शत्रोहन लाल, बंटी शुक्ला, मनीष दीक्षित, अमरदीप सिंह मिक्की, देवांशु प्रताप सिंह, सचिन प्रताप सिंह, दुर्गेश पाण्डेय, राजेन्द्र कुरील, सुशील कनौजिया, राम प्रकाश कुरील, कुलदीप कुरील, अमन कुरील, अमित कुमार, राजाराम, उपेन्द्र भास्कर, आकाश भास्कर, अनुराग भास्कर, आशीष कुरील, करन यादव, सुभाष भास्कर, कनिष्क कुरील, एकलव्य कुरील, सुनील कुरील, कमला देवी, प्रीशा, अनीता देवी, सुनीता देवी, देशराज गौतम, अशफाक अली आदि प्रमुख रूप से उपस्थित रहें।