यूटा की माँग पर चुनाव आयोग ने समस्त जिलाधिकारियों को दिए निर्देश

बाराबंकी (नितेश मिश्रा)। दंपत्ति कार्मिक की पारिवारिक समस्याओं को दृष्टिगत रखते हुए राज्य चुनाव आयोग ने उनके लिये पहली बार राहत भरा आदेश जारी किया है। राज्य चुनाव आयोग के निर्देश पर प्रदेश के अपर निर्वाचन आयुक्त वेद प्रकाश वर्मा ने शिक्षक संगठन यूनाइटेड टीचर्स एसोसिएशन (यूटा) के प्रदेश अध्यक्ष राजेन्द्र सिंह राठौर के पत्र दिनांक 03 मार्च 2021 का संज्ञान लेते हुए प्रदेश के समस्त जिला निर्वाचन अधिकारियों को इस आशय का पत्र जारी कर निर्देशित किया है कि यदि सरकारी नौकरी में कार्यरत पति-पत्नी में से किसी एक के द्वारा चुनाव ड्यूटी से मुक्त रखने के सम्बंध में प्रार्थनापत्र दिया जाता है तो उनके बच्चों की देखभाल को दृष्टिगत दोनों में से किसी एक को ड्यूटी से मुक्त रखने के लिए सहानुभूति पूर्वक विचार किया जाए।

यूटा के जिलाध्यक्ष आशुतोष कुमार, वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष धर्मेन्द्र वर्मा, जिला महामंत्री सत्येंद्र भास्कर, जिला कोषाध्यक्ष पूर्णेश प्रताप सिंह, जिला संगठन मंत्री दीपक मिश्रा, जिला आडिटर आशीष शुक्ला, मंत्री शाकिब किदवई,उपाध्यक्ष लक्ष्मी सिंह ,प्रदीप श्रीवास्तव, राकेश कौल, राजकपूर,अंजना गुप्ता आदि पदाधिकारियों ने चर्चा के दौरान बताया कि संगठन के प्रदेश अध्यक्ष राजेन्द्र सिंह राठौर ने त्रिस्तरीय पंचायत सामान्य निर्वाचन 2019 में दंपत्ति कार्मिक में से किसी एक को चुनाव ड्यूटी से मुक्त करने के लिये प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी को ज्ञापन सौंपा था। जिसका संज्ञान लेते हुए यूटा की मांग पर निर्वाचन आयोग के निर्देश के क्रम में पिछले लोकसभा चुनाव में दंपत्ति कार्मिक में से किसी को चुनाव ड्यूटी से मुक्ति मिली थी। उन्होंने जनपद के ऐसे प्रभावित शिक्षक/शिक्षिकाओं से आयोग के पत्र की प्रति संलग्न करते हुए अपना प्रार्थनापत्र जिला निर्वाचन अधिकारी को देने की अपील की है।

यह आदेश जारी होने के बाद से ऐसे शिक्षक साथी जो पति-पत्नी दोनों सरकारी सेवा में और उनके सामने बच्चो की देखभाल की समस्या थी, वह बहुत खुश होकर निर्वाचन आयोग से साथ ही यूटा संगठन को धन्यवाद दे रहे है।