कानपुर निष्पक्ष जन अवलोकन नारायण शुक्ला

 

कानपुर में पूर्व इंस्पेक्टर दिनेश त्रिपाठी पिछले कई महीने से किशोरी के साथ दुष्कर्म कर रहा था। किशोरी जब विरोध करती थी तो उसको वह धमकाता था। यही नहीं उसके परिवार को नुकसान पहुंचाने की भी धमकी देता था। इसलिए वह बेबस होकर चुप्पी साधे हुए थी। ये खुलासा खुद पीड़िता ने गुरुवार को कोर्ट में किया।

 

जब वह कोर्ट में मजिस्ट्रेट को अपने बयान दर्ज करवा रही थी। इससे आरोपी पूर्व इंस्पेक्टर की करतूत का अंदाजा लगाया जा सकता है। चेकेरी फ्रेंड्स कालोनी में आठ अगस्त की रात पूर्व इंस्पेक्टर दिनेश त्रिपाठी किरायेदार की 13 वर्ष की बेटी के साथ दुष्कर्म किया था।पीड़िता की मां ने उसको रंगेहाथ पकड़ा था। दूसरे दिन मामले में एफआईआर दर्ज हुई थी और आरोपी जेल भेजा गया था। पीड़िता ने पुलिस को दो दिन पहले बयान दर्ज करवा दिये थे। गुरुवार को मजिस्ट्रेट के सामने पीड़िता ने बयान दर्ज करवाकर आपबीती बयां की। पीड़िता ने कहा कि दिनेश जब भी घर आता था तो उसको किसी न किसी बहाने से कमरे में बुलाता था।उस दौरान वह अश्लील हरकतें करता था। जब भी मौका पाता था उसके साथ दुष्कर्म करता था। सूत्रों के मुताबिक पीड़िता ने ये भी बताया कि एक दो बार उसने विरोध किया तो दिनेश ने उसको पीटा भी। ये कहा कि वह उसको बदनाम कर देगा। परिजनों को भी मार देगा। इसलिए मासूम चुप रही।

 

पैर झूकर मांगी थी माफी, फोन पर गिड़गिड़ाया था

वारदात के बाद आरोपी दिनेश ने पीड़िता की मां के पैर छूकर माफी मांगी थी। उसने कहा था उससे गलती हो गई। जब उसकी बात नहीं सुनी थी तो वह वहां से चला गया था। कुछ देर बाद उसने पीड़िता की मां को फोन किया। उसने कहा कि उससे बड़ी गलती हो गई है।

 

अब भविष्य में ऐसा नहीं करेगा। पुलिस कमिश्नर ने बताया कि ये रिकॉर्डिंग आरोपी के मोबाइल से मिली है। जिसको जांच में शामिल किया गया है। जिसमें आरोपी स्वीकार कर रहा है कि उसने वारदात को अंजाम दिया है। पुलिस इस रिकॉर्डिंग की फोरेंसिक जांच भी कराएगी। जिससे आवाज की पुष्टि हो सके।